मंगलवार, 21 जून 2011

jo apna ho


                    जो अपना हो 
                             - राज सक्सेना 
न हो कागज का एक टुकड़ा,न मिलती रोशनाई हो |
जहाँ पढने को बच्चे ने,       दिया-बाती न  पाई  हो |
संभाला होश, खाने को ,    जहाँ खुद ही   कमाना है,
बताओ `राज` इस माहौल में,    कैसे पढ़ाई      हो   |

अँधेरे मुंह पड़े उठना ,     न मेहनत रंग  लाती    हो |
जहाँ फुटपाथ पर सबकी ,  उम्र ही बीत जाती     हो |
बड़ी थोड़ी हुयी लडकी,      सजा कोठे पे       दी    जाये,
इनिं के वोट से भारत में जब सरकार      आती    हो |

नहीं मिलता hai  बहुमत तो,  ये शातिर फन दिखाते हैं |
हजारों देके प्रलोभन,         ये बहुमत     खींच     लाते हैं |
रखेंगे क्रीम के पद    और  ,   पी एम् भी इन्हीं का हो,
ये कह आदेश जनता   का, स्वयम तिकडम भिड़ाते हैं |
इसी सरकार   के   मंत्री ,  खरब    में       घूस      खाते  हैं |  
और इस पैसे    को  वे     स्विस बैंक   में जाकर  छिपाते हैं |
जहाँ   दस लाख   के  पर्दे , बदलवाते    हों     मंत्री       जी,
वहाँ   बच्चों में दस में नौ ,  विरासत भूख      पाते        हैं |

बड़े    विश्वास    से    हमने ,   इन्हें     स्वराज     सौंपा  था |
बना   दें    राम के     जैसा,  इसी     हित ताज    सौंपा  था |
मगर बदले         में       हमको ये ,   तबाही   भूख    देते हैं ,   
जिन्हें हमने मुकद्दर का ,  हर एक       आगाज़  सौंपा था |

उठो उठ     कर लगा     दो आग,  इनके      आशियाने को |
इन्हें अपनी तरह      कर दो ,     गिरा दो हर ठिकाने को |
तड़पने    दो     इन्हें      भूखा,     तभी ये    दर्द     समझेंगे ,
तुम्हारा अंश इसमें     hai  ,  मंगाओ स्विस खजाने को |

उसे दो तख्त दिल्ली का ,      समझता दर्द सबका हो |
जो हिंदी          और हिदुस्तान को अपना समझता हो |
समझता  हो जो बिच्छू - सांप सा,     पैसा हो   सरकारी ,
विचारों से जो भारत का ,  सही अर्थों    में अपना हो |

यही हो बस विकल्प अपना, यही बस `राज`  सपना  हो |
वही     neta     बनेगा     अब ,  हितैषी आम जन का हो |
हम अपने वोट की ताकत ,  अब इनको ही दिखायेंगे,
हटा कठपुतलियाँ,     अब हम उसे लायें जो सबका हो |
                              
                                              - धन वर्षा ,हनुमान मन्दिर,
                                         खटीमा- २६२३०८ ( उत्तराखंड)

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